जशपुर जिले में दूरस्थ अंचलों तक पहुंच रहा सड़क नेटवर्क, 914 करोड़ की लागत से बनीं 603 सड़कें

Share on Social Media

जशपुर.

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के दूरदर्शी एवं जनहितैषी नेतृत्व में जशपुर जिले में विकास कार्यों ने अभूतपूर्व गति पकड़ी है। उनके मार्गदर्शन में जिले में प्रगति और समृद्धि के नए द्वार खुल रहे हैं। विशेष रूप से अर्थव्यवस्था की जीवनरेखा मानी जाने वाली सड़कों एवं पुल-पुलियों के निर्माण में उल्लेखनीय प्रगति हुई है, जिससे जिले की तस्वीर तेजी से बदल रही है और आम नागरिकों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन देखने को मिल रहा है।

पिछले दो वर्षों के दौरान जिले में कुल 914 करोड़ 94 लाख रुपए की लागत के 603 सड़कों की स्वीकृति प्राप्त हुई है। इसी विकास यात्रा को और आगे बढ़ाते हुए मुख्यमंत्री के निर्देश पर जशपुर जिले में 18.26 करोड़ रुपए की लागत से 6 नई सड़कों के निर्माण हेतु प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है।

मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिन 6 सड़कों की स्वीकृति प्राप्त हुई है, उनमें 03 करोड़ 91 लाख 68 लाख रूपए लागत के भट्ठा से सरगुजा सीमा तक सड़क मार्ग। जिसकी लंबाई 4 किलोमीटर है। इसी तरह 04 करोड़ 38 लाख 24 हजार रूपए लागत के 4.42 किमी लंबी बांसटोली से पण्डुटोली पहुंच मार्ग, 02 करोड़ 53 लाख रूपए लागत के 2.52 किमी लंबी दुर्गापारा से फरसापानी मैनी पहुंच मार्ग पुल-पुलिया सहित, 02 करोड़ 62 लाख 69 हजार रूपए लागत के 2.34 किमी लंबी सरडीह से पतरापारा पहुंच मार्ग, 02 करोड़ 36 लाख 54 हजार रूपए लागत के 1.75 किमी लंबी जरूड़ाड से टटकेला पहुंच मार्ग और 02 करोड़ 44 लाख 76 हजार रूपए लागत के 2.50 किमी लंबी बांसाटोली से अकरीकोना पहुंच मार्ग के निर्माण शामिल है।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार अधोसंरचना विकास की दिशा में हो रहे प्रयासों से जिले के हर कोने में विकास की रोशनी पहुंच रही है। दूरस्थ क्षेत्रों में निवास कर रहे समुदायों को विद्यालयों, सेवाओं, अस्पतालों तथा मंडियों से जोड़ने के लिए सड़कों का निर्माण और सुधार होने से उन्हें सहूलियत मिलने के साथ ही इन समुदायों को विकास की मुख्यधारा में जोड़ने में भी आसानी होती है। अच्छी सड़कें विकास की भी कुंजी भी कही जाती है। सुरक्षित, पक्की सड़कें जिनका उपयोग मौसम के सभी हालातों में किया जा सकता है, जो पहले कभी दुर्गम रास्तों से होकर अस्पताल पहुंचते थे, देरी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती थी, अब आधुनिक चिकित्सा केन्द्र तक आसानी से पहुंच सकते हैं।

कई शोध बताते हैं कि स्कूलों, कॉलेजों तक पहुंच मार्ग हो जाने से ड्रॉप आऊट संख्या में भी कमी आती है। बाजार तक पहुंच आसान होने से किसानों को फसल का बेहतर मूल्य भी मिल पाता है। सड़कों का यह व्यापक विस्तार न केवल आवागमन को सुगम बना रहा है, बल्कि नागरिकों के जीवन स्तर में भी उल्लेखनीय सुधार ला रहा है। जिले के लोग इन विकास परियोजनाओं के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और राज्य सरकार के प्रति आभार व्यक्त कर रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *