सुप्रीम कोर्ट की अहम टिप्पणी: आपसी सहमति से बने शारीरिक संबंध खराब चरित्र का प्रमाण नहीं
हैदराबाद सुप्रीम कोर्ट ने अपनी एक टिप्पणी में कहा है कि आपसी सहमति से दो अविवाहित व्यस्कों के बीच बने शारीरिक संबंध किसी व्यक्ति के खराब चरित्र का प्रमाण नहीं … Read More
