SIR के बाद शिक्षकों पर नई जिम्मेदारी: छत्तीसगढ़ में जनगणना ड्यूटी का ऐलान
राजनांदगांव.
एसआईआर की जटिल प्रक्रिया से गुजरने के बाद अब शिक्षको को जनगणना में ड्यूटी देनी होगी. जनगणना शाखा द्वारा इसके लिए जानकारी जुटाई जा रही हैं. अफसरों ने बताया कि, आगामी 31 मार्च तक मकानों की नंबरिंग किए जाने के बाद एक मई से पहले चरण की शुरूआत हो जाएगी. जिला प्रशासन द्वारा शिक्षक की जानकारी शिक्षा विभाग से भी जुटाई जा रही हैं.
जनगणना-2027 को लेकर जिला प्रशासन ने अपनी तैयारियों को तेज कर दिया है. जनगणना के प्रथम चरण यानी मकान सूचीकरण की तैयारियों पर विशेष जोर दिया गया. एक मई से शुरू होने वाले जनगणना के लिए प्रगणकों और पर्यवेक्षकों की सूची जल्द तैयार कर प्रस्तुत करने की तैयारी है. जिसमें 10 प्रतिशत अतिरिक्त रिजर्व स्टाफ भी शामिल किए जाने की तैयारी है.
बताया जा रहा है कि, इस कार्य के लिए शासकीय प्राथमिक एवं मिडिल स्कूलों, हेडमास्टरों तथा शासकीय कॉलेजों के स्टाफ की नगरीय ड्यूटी लगाने की तैयारी है.
साथ ही सभी निकायों, नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों को अपने-अपने क्षेत्रों में स्थित शासकीय प्राथमिक एवं मिडिल स्कूलों, हेडमास्टरों तथा शासकीय कॉलेजों के स्टाफ की ड्यूटी इस कार्य में लगाया प्रगणकों विभाग द्वारा जाएगा. जनगणना और पर्यवेक्षकों की विस्तार से ली जा रही है और नियुक्ति से जुड़ी जानकारी उनके पदनाम, मोबाइल नंबर, पता सहित सभी आवश्यक विवरण शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए जा रहे हैं. अफसरों की माने तो इस प्रक्रिया में जिले का कोई भी व्यक्ति या परिवार गणना से वंचित नहीं रहना चाहिए.
जनगणना-2027 दो चरणों में संपन्न होगी. पहले चरण में 1 मई से 30 मई 2026 तक मकान सूचीकरण (हाउस लिस्टिंग) किया जाएगा, जिसमें सभी भवनों और मकानों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार जनगणना-2027 का अगले किया जाएगा. इसके बाद दूसरे चरण में माह से पहला चरण होगा शुरू एकत्रित की जाएगी. विग जनसंख्या से संबंधित विस्तृत जानकारी नगरनिगम आयुक्त अतुल विश्वकर्मा ने मकान सूचीकरण ब्लॉक का कार्य 31 मार्च तक हर हाल में पूरा करने कहा गया था.
