सोना-चांदी के दाम में झटका: 10 ग्राम 24 कैरेट गोल्ड का नया रेट, चांदी ₹12,000 महंगी

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इंदौर 
   सोना-चांदी की कीमतों (Gold-Silver Rates) ने बीते साल 2025 में गदर मचाया था, तो वहीं इस साल 2026 की शुरुआत से ही ये फिर रॉकेट की रफ्तार से बढ़ते हुए पुराने सारे रिकॉर्ड तोड़ती हुईं नजर आ रही हैं. सप्ताह के तीसरे कारोबारी दिन बुधवार को भी चांदी का भाव (Silver Price) खुलने के साथ ही एक झटके में 12000 रुपये से ज्यादा बढ़ गया. वहीं सोने के भाव (Gold Rate) की बात करें, तो इसमें भी तगड़ी तेजी आई है. अमेरिका-ईरान के बीत तनाव से बढ़ी ग्लोबल टेंशन ने एक बार फिर निवेशकों को सोना-चांदी में निवेश (Gold-Silver Investment) की ओर मोड़ने का काम किया है. 

चांदी का गदर लगातार जारी 
सबसे पहले बात करते हैं चांदी की कीमत के बारे में, तो बुधवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर ये कीमती धातु खुलते ही रॉकेट की रफ्तार से भागती नजर आई है. 5 मार्च की एक्सपायरी वाली चांदी का वायदा भाव (Silver Price) मिनटों में अपने पिछले बंद के मुकाबले 12,803 रुपये बढ़ गया. बीते कारोबारी दिन चांदी की वायदा कीमत 2,75,187 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई थी, लेकिन बुधवार को ये 2,87,990 रुपये के नए लाइफ टाइम हाई लेवल पर पहुंच गई. 

10 दिन में 52000 रुपये महंगी हुई चांदी 
चांदी के वायदा भाव में इस साल अब तक महज 10 कारोबारी दिनों में आई तेजी पर गौर करें, तो 1 Kg Silver Price इस दौरान 52,117 रुपये उछला है. दरअसल, साल के पहले दिन 1 जनवरी को चांदी की वायदा कीमत 2,35,873 रुपये प्रति किलो थी, जो बुधवार को शुरुआती कारोबार में ही बढ़कर 2,87,990 रुपये पर पहुंच गई. इस सप्ताह के महज तीन कारोबारी दिनों की बात करें, तो ये 19,020 रुपये प्रति किलो चढ़ी है. 

सोना भी रुकने को तैयार नहीं
न सिर्फ चांदी, बल्कि सोना भी रुकने का नाम नहीं ले रहा है और लगातार नए रिकॉर्ड बनाता जा रहा है. इसकी वायदा कीमतों में इस साल अब तक 10 दिनों में 7,369 रुपये प्रति 10 ग्राम की तेजी आ चुकी है. 1 जनवरी 2026 को 10 ग्राम 24 कैरेट गोल्ड रेट (10 Gram 24 Karat Gold Rate) 1,35,804 रुपये था, जो कि बुधवार को करीब 832 रुपये की उछाल के साथ 1,43,173 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गई.  
 
क्या US-Iran टेंशन का है असर? 
सोना-चांदी की कीमतों में इस साल आए तगड़े उछाल के पीछे के कारणों की बात करें, तो विदेशी निवेशकों की बिकवाली के साथ ही अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ी टेंशन का भी अहम रोल माना जा सकता है. आमतौर पर ग्लोबल टेंशन बढ़ने के निवेशक सेफ हैवेन के तौर पर Gold-Silver की ओर भागते हुए नजर आते हैं और फिलहाल भी ऐसा ही नजर आ रहा है.

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